नोएडा में प्रॉपर्टी खरीदना होगा महंगा, प्राधिकरण 10% तक दरें बढ़ाने की तैयारी में
नोएडा। नोएडा में कामकाज करना, घर बनाना, उद्योग लगाना, आवासीय फ्लैट खरीदना मंहगा होने वाला है, क्योंकि नोएडा प्राधिकरण जमीन की आवंटन दरें बढ़ाने की तैयारी में जुट गया है। संभवता एक या दो अप्रैल को आयोजित होने वाली बोर्ड बैठक में नोएडा प्राधिकरण यह प्रस्ताव रखेगा।
बता दें कि इस बार सबसे ज्यादा बढ़ोतरी 10 प्रतिशत ग्रुप हाउसिंग भूखंड पर होनी तय मानी जा रही है। जबकि अन्य संपत्तियों पर दरें छह से आठ प्रतिशत रह सकती है। प्राधिकरण वर्ष 2022-23 से लगातार जमीन की आवंटन दरें बढ़ा रहा है।
कोविड काल में नहीं बढ़ी थी दरें
इससे पहले 2020-21 में कोविड काल की वजह से दरें नहीं बढ़ी थीं। वर्ष 2025-026 में आवासीय, ग्रुप हाउसिंग, संस्थागत, औद्योगिक भूखंड की आवंटन दरों पर छह प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई थी। आवंटन दरें बढ़ने का असर सीधे जमीन की कीमतों पर पड़ता है।
पिछले चार वर्षों से लगातार बढ़ोतरी से आवासीय भूखंड 38 प्रतिशत तक मंहगा हो गया है। सबसे कम कीमत वाले भूखंड ई-श्रेणी के सेक्टरों में हैं। यहां पर भी प्राधिकरण की आवंटन दरें 51 हजार रुपये प्रति वर्गमीटर पहुंच गई हैं।
वहीं औद्योगिक सेक्टर के फेज-1 और 3 में भी यह दरें तीन वर्षों से कम समय में 38 प्रतिशत व फेज-2 में 52 प्रतिशत तक बढ़ गई हैं। इसी तरह पिछले दो वर्षों में ग्रुप हाउसिंग प्लाट की दरें भी छह-छह प्रतिशत बढ़ाई गई हैं।
इस तरह तय होती आवंटन दरें
प्राधिकरण में आवंटन दरों को लेकर एक समिति बनी हुई है। यह समिति जमीन अधिग्रहण खर्च, विकास खर्च, बाह्य विकास खर्च, रखरखाव खर्च समेत अन्य खर्च जोड़ कर प्रति वर्गमीटर की दरें तय करती है। इसके बाद श्रेणी व लोकेशन के आधार पर सेक्टर की दरें तय होती हैं। इसके साथ ही आरबीआइ की कंज्यूमर प्राइज इंडेक्स अर्बन को देखा जाता है।
आवंटन दरें बढ़ाने का प्रस्ताव वित्त विभाग तैयार कर रहा है। अनुमोदन के लिए चेयरमैन के समक्ष बोर्ड में प्रस्ताव रखा जाएगा। इसके बाद नई दरें प्राधिकरण प्रभावी करेगा।
कृष्ण करुणेश, सीईओ, नोएडा प्राधिकरण।
